लियोनेल मेसी ने अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल को कहा अलविदा
लियोनेल मेसी का भावुक विदाई समारोह
लियोनेल मेसी की विदाई: आज का दिन मेसी के प्रशंसकों के लिए बेहद भावुक रहा है। उन्होंने अर्जेंटीना की जर्सी में अपने 21 साल लंबे अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल करियर को समाप्त कर दिया। ब्यूनस आयर्स के मॉन्यूमेंटल स्टेडियम में उनका अंतिम मैच हुआ, जिसमें उन्होंने गोल भी किया। अर्जेंटीना ने बेनिन को 3-0 से हराया, लेकिन इस मैच की चर्चा मेसी की विदाई पर अधिक केंद्रित रही। लगभग 85 हजार दर्शकों के सामने, मेसी ने अर्जेंटीना के लिए अपना 208वां अंतरराष्ट्रीय मैच खेला और 126वां गोल किया।
भावुक पल और परिवार का साथ
मेसी की विदाई पर भावुकता:
मेसी की विदाई को 'द लास्ट टैंगो' नाम दिया गया। मैच से पहले, वह भावुक नजर आए। जब टीम की बस स्टेडियम की ओर बढ़ रही थी, तब उनकी आंखों में आंसू थे। उन्होंने अपने तीन बच्चों के साथ मैदान में प्रवेश किया, और उनकी पत्नी एंटोनेला रोकुज्जो तथा मां सेलिया कुक्कितिनी भी वहां मौजूद थीं। स्टेडियम में एक बड़ा पोस्टर भी था, जिसमें मेसी की जर्सी नंबर 10 के साथ 'Gracias' लिखा था। दर्शकों ने तालियों के साथ उनका स्वागत किया।
स्टेडियम में मेसी का सम्मान
10वें मिनट में मेसी का सम्मान:
मेसी की प्रसिद्ध जर्सी नंबर 10 के सम्मान में, मैच के 10वें मिनट में खेल रोक दिया गया। इस दौरान पूरा स्टेडियम तालियों से गूंज उठा। इसके बाद, मेसी ने 71वें मिनट में पेनल्टी गोल किया और अपने विदाई पर एक विशेष संदेश दिया। मैच के अंत में, स्टेडियम के ऊपर ड्रोन शो आयोजित किया गया, जिसमें मेसी की तस्वीरें और उनके करियर को सम्मानित किया गया।
मेसी की उपलब्धियाँ और क्लब करियर
मेसी का अंतरराष्ट्रीय करियर कई उपलब्धियों से भरा रहा है, जिसमें सबसे बड़ी उपलब्धि 2022 फीफा वर्ल्ड कप जीतना है। उन्होंने अर्जेंटीना को विश्व चैंपियन बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे देश का 36 साल का इंतजार समाप्त हुआ।
क्लब फुटबॉल पर ध्यान:
अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से विदाई के बाद, मेसी का क्लब करियर जारी है। वह इंटर मियामी के साथ अनुबंध में हैं, जो 2028 तक है। हालांकि, उन्होंने संकेत दिया है कि वह अपने क्लब करियर के बारे में निर्णय परिस्थितियों के अनुसार लेंगे। फिलहाल, अर्जेंटीना की जर्सी में उनका सफर समाप्त हो चुका है। मेसी की विदाई केवल एक खिलाड़ी के करियर का अंत नहीं है, बल्कि अर्जेंटीना फुटबॉल के एक महत्वपूर्ण युग का भी समापन है।
