अमेरिका का ईरान पर नया हवाई हमला: क्या बढ़ेगा तनाव?
अमेरिका ने ईरान पर किया हवाई हमला
नई दिल्ली: अमेरिका ने ईरान के खिलाफ एक बार फिर से सैन्य कार्रवाई की है, जिसमें कई महत्वपूर्ण ठिकानों पर हवाई हमले किए गए हैं। यह कार्रवाई राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रक्षा सचिव पीट हेगसेथ की चेतावनी के बाद की गई है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने इन हमलों की पुष्टि करते हुए कहा कि कमांडर इन चीफ के आदेश पर निर्धारित समय के अनुसार ईरान के अंदर कई रणनीतिक स्थानों को निशाना बनाया गया।
किश द्वीप और बंदर अब्बास में धमाकों की गूंज
हमलों के तुरंत बाद, ईरान के विभिन्न क्षेत्रों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनाई दीं। विशेष रूप से किश द्वीप और बंदर अब्बास में स्थानीय निवासियों ने तेज विस्फोटों की पुष्टि की है। ईरानी मीडिया के अनुसार, सिरीक और मीनाब क्षेत्रों में भी बड़े धमाकों की आवाजें आईं, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई।
ईरान की एयर डिफेंस प्रणाली सक्रिय
हमलों के बाद, ईरान ने तुरंत अपनी एयर डिफेंस प्रणाली को सक्रिय कर दिया। फार्स प्रांत सहित कई क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को हाई अलर्ट पर रखा गया है। स्थानीय एजेंसियों का कहना है कि देश के विभिन्न हिस्सों में एंटी-एयरक्राफ्ट सिस्टम को तैनात किया गया है ताकि किसी भी संभावित हमले का जवाब दिया जा सके।
ईरान की कड़ी चेतावनी
ईरानी सैन्य सूत्रों ने अमेरिका को सख्त चेतावनी दी है कि किसी भी नई कार्रवाई का गंभीर जवाब दिया जाएगा। ईरान का कहना है कि वह अपने नए रणनीतिक ठिकानों को भी सैन्य रडार पर रख रहा है। इसके अलावा, संयुक्त राष्ट्र में ईरान के राजदूत ने कहा कि धमकी और दबाव के जरिए कोई स्थायी समझौता संभव नहीं है।
मिडिल ईस्ट में तनाव का बढ़ना
इस घटना के बाद, पूरे मिडिल ईस्ट में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। बगदाद स्थित अमेरिकी दूतावास ने भी अपने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। बढ़ते तनाव ने एक बार फिर क्षेत्र को अस्थिरता की ओर धकेल दिया है, जबकि दोनों देशों के बीच पहले से ही तनावपूर्ण संबंध बने हुए हैं।
