अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस की जिंदगी के दो महत्वपूर्ण लोग: एक भारतीय और एक पाकिस्तानी
नई दिल्ली में अमेरिकी उपराष्ट्रपति का बयान
नई दिल्ली: अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने रविवार को स्विट्जरलैंड में अमेरिका-ईरान वार्ता के दौरान मजाकिया अंदाज में कहा कि उनकी जिंदगी में दो सबसे महत्वपूर्ण व्यक्ति हैं, एक भारतीय और एक पाकिस्तानी। वेंस ने स्पष्ट किया कि भारतीय उनकी पत्नी उषा वेंस हैं और पाकिस्तानी फील्ड मार्शल आसिम मुनीर हैं।
स्विट्जरलैंड में तकनीकी वार्ता का दौर
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, वेंस ने बताया कि वर्तमान में बातचीत के तकनीकी पहलुओं पर चर्चा चल रही है। यह संभव है कि यह सभी मतभेदों को समाप्त न करे, लेकिन पहली बार सभी पक्ष एक ही मेज पर उपस्थित हैं। इससे यह समझने में मदद मिल रही है कि किस देश के लिए कौन से मुद्दे प्राथमिकता रखते हैं और उनके समाधान कैसे निकाले जा सकते हैं।
उन्होंने यह भी बताया कि राजनीतिक नेतृत्व यहां इसलिए मौजूद है ताकि वार्ता टीमों को पूरा समर्थन मिल सके और किसी भी समस्या का तुरंत समाधान किया जा सके। वेंस के अनुसार, पिछले कुछ घंटों में अच्छी प्रगति हुई है और सभी पक्ष इस प्रक्रिया को लेकर सकारात्मक दृष्टिकोण रखते हैं।
ट्रंप का मध्य पूर्व में स्थायी शांति का लक्ष्य
उपराष्ट्रपति ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप मध्य पूर्व में स्थायी युद्धविराम के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने स्वीकार किया कि युद्धविराम लागू करना आसान नहीं है, लेकिन लेबनान में हाल के दिनों में स्थिति को स्थिर रखने में सफलता मिली है। ट्रंप ने वेंस को नई शुरुआत और कूटनीतिक समाधान खोजने का अधिकार दिया है।
वेंस का मानना है कि यदि सभी देश मिलकर काम करें, तो शांति और समृद्धि का मार्ग प्रशस्त हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान लंबे समय से क्षेत्रीय अस्थिरता का कारण रहा है, लेकिन अब कूटनीति के माध्यम से हालात को बदलने की कोशिश की जा रही है।
ईरान की परमाणु शर्तें
वार्ता शुरू होने से पहले, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजश्कियान ने कहा कि तेहरान अमेरिका को लिखित में आश्वासन देगा कि वह परमाणु बम नहीं बनाएगा। इसके बदले, अमेरिका ने कतर के बैंकों में फ्रीज किए गए 6 अरब डॉलर के फंड को ईरान को लौटाने पर सहमति जताई है।
कतर की मध्यस्थता में अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधियों के बीच त्रिपक्षीय बैठक भी आयोजित की गई। वेंस ने कहा कि सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या मध्य पूर्व में संबंधों को स्थायी रूप से बदला जा सकता है। वार्ता अभी जारी है और उम्मीद है कि आने वाले दिनों में ठोस परिणाम सामने आएंगे।
