Newzfatafatlogo

ईरान-इजरायल तनाव: क्या बढ़ रहा है युद्ध का खतरा?

ईरान और इजरायल के बीच हालिया सैन्य गतिविधियों ने तनाव को बढ़ा दिया है, जिससे पूरे क्षेत्र में चिंता का माहौल बन गया है। ईरान ने इजरायल के हमलों की पुष्टि की है, जबकि इजरायल ने अपने सुरक्षा उपायों को मजबूत किया है। क्या ये घटनाएँ एक बड़े संघर्ष की ओर इशारा कर रही हैं? जानें इस जटिल स्थिति के बारे में और इसके संभावित परिणामों पर।
 | 
ईरान-इजरायल तनाव: क्या बढ़ रहा है युद्ध का खतरा?

तनाव की नई लहर


नई दिल्ली: ईरान और इजरायल के बीच हालात एक बार फिर से तनावपूर्ण हो गए हैं। रविवार रात ईरान द्वारा किए गए हमलों के जवाब में, सोमवार की सुबह इजरायल ने ईरान के कई महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों पर हमला किया। दोनों देशों के बीच बढ़ती सैन्य गतिविधियों ने पूरे क्षेत्र में चिंता का माहौल बना दिया है, जिससे संभावित बड़े संघर्ष की आशंका बढ़ गई है। ईरानी मीडिया के अनुसार, इजरायल ने देश के विभिन्न हिस्सों में कई ठिकानों को निशाना बनाया, जिसमें तेहरान, इस्फहान, तब्रीज और पश्चिमी ईरान के अन्य क्षेत्र शामिल हैं।


पड़ोसी देशों पर असर

इस क्षेत्रीय तनाव का प्रभाव पड़ोसी देशों पर भी पड़ा है, और लेबनान की राजधानी बेरूत में भी विस्फोट जैसी आवाजें सुनाई दी हैं। उल्लेखनीय है कि अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से ईरानी हमले का जवाब न देने की अपील की थी, लेकिन इजरायल ने सैन्य कार्रवाई का विकल्प चुना।


ईरान की प्रतिक्रिया

ईरान ने हमले की पुष्टि की


सोमवार सुबह, ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने एक आधिकारिक बयान जारी कर हमले की पुष्टि की। संगठन ने इजरायल पर आरोप लगाया कि उसने ईरानी सीमा के भीतर सैन्य कार्रवाई की है। आईआरजीसी के अनुसार, हमले में हवा से दागी जाने वाली बैलिस्टिक मिसाइलों का उपयोग किया गया।


ईरानी अधिकारियों के अनुसार, इस्फहान में कम से कम तीन बड़े धमाके हुए, और तेहरान, तब्रीज और करज में भी विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं। हालांकि, इजरायल का कहना है कि उसके किसी भी लड़ाकू विमान ने ईरान के हवाई क्षेत्र में प्रवेश नहीं किया। इजरायली पक्ष का दावा है कि हमले दूरस्थ सैन्य प्लेटफॉर्म और युद्धपोतों से किए गए।


इजरायल का सख्त रुख

'तेहरान को जलना ही होगा'


इजरायल के राष्ट्रीय सुरक्षा मंत्री इतामार बेन-ग्विर का हालिया बयान भी चर्चा का विषय बना हुआ है। उन्होंने कहा कि “तेहरान को इसकी कीमत चुकानी होगी।” उनके इस बयान को इजरायल के सख्त रुख के संकेत के रूप में देखा जा रहा है, जो दर्शाता है कि इजरायली नेतृत्व फिलहाल पीछे हटने के मूड में नहीं है।


इजरायल में सुरक्षा व्यवस्था

हाई अलर्ट पर इजरायल


ईरान पर हमले के बाद, इजरायल ने अपनी सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया है। सरकार को आशंका है कि ईरान किसी भी समय जवाबी कार्रवाई कर सकता है, इसलिए पूरे देश में हाई अलर्ट घोषित किया गया है। इजरायल के होम फ्रंट कमांड ने सुरक्षा कारणों से सभी स्कूलों को बंद रखने का आदेश दिया है। इसके अलावा, अस्पतालों को भी विशेष निर्देश दिए गए हैं कि वे जरूरत पड़ने पर भूमिगत सुविधाओं से काम करने के लिए तैयार रहें।


रविवार को ईरानी मिसाइल हमलों के बाद सुरक्षा एजेंसियां पहले से ही सतर्क थीं। परिवहन सेवाओं को सीमित क्षमता के साथ संचालित किया जा रहा है, लेकिन इजरायल एयरपोर्ट अथॉरिटी ने स्पष्ट किया है कि हवाई अड्डों का संचालन सामान्य रूप से जारी रहेगा। दोनों देशों के बीच बढ़ते सैन्य तनाव ने पूरे क्षेत्र में अनिश्चितता का माहौल पैदा कर दिया है।