कनाडा से लौटते ही गैंगस्टर कर्मवीर देओ की गिरफ्तारी: क्या है पूरा मामला?
गैंगस्टर कर्मवीर देओ की गिरफ्तारी
नई दिल्ली: गैंगस्टर कर्मवीर देओ, जो हाल ही में कनाडा से भारत लौटे थे, पंजाब पुलिस के हाथों में आ गए हैं। जैसे ही वह दिल्ली एयरपोर्ट पर पहुंचे, पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। कर्मवीर को लॉरेंस बिश्नोई गैंग का करीबी सदस्य माना जाता है और उनके खिलाफ पहले से लुकआउट सर्कुलर (LOC) जारी था। पुलिस उनकी तलाश कर रही थी, क्योंकि उन पर आरोप है कि उन्होंने विदेश में गैंग से जुड़े लोगों को सहायता प्रदान की थी।
अनमोल बिश्नोई को मदद देने का आरोप
कर्मवीर पर सबसे गंभीर आरोप यह है कि उन्होंने लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई को भारत से बाहर जाने में मदद की। रिपोर्ट्स के अनुसार, अनमोल कुछ समय के लिए कर्मवीर के अमेरिका स्थित निवास पर भी रुके थे। इस दौरान, अनमोल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें वह पंजाबी गायकों के साथ पार्टी करते नजर आए। यह वीडियो कर्मवीर के घर का बताया गया था, जिससे उनकी भूमिका पर सवाल उठे थे।
गैंग के सदस्यों को पनाह देने का आरोप
जांच के अनुसार, कर्मवीर की भूमिका केवल अनमोल को अपने घर में रखने तक सीमित नहीं थी। उन पर आरोप है कि उन्होंने अमेरिका में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के सदस्यों के लिए ठहरने की व्यवस्था की और उन्हें कानूनी सहायता भी प्रदान की।
एपी ढिल्लों के घर फायरिंग से जुड़ा मामला
कर्मवीर का नाम कनाडा में पंजाबी गायक एपी ढिल्लों के घर पर हुई फायरिंग की जांच में भी आया था। इस घटना में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के सदस्यों का नाम सामने आया था, जिसके बाद कर्मवीर की कथित भूमिका की जांच की जा रही है। हालांकि, इस मामले में उनके खिलाफ आरोपों का पूरा विवरण अभी स्पष्ट नहीं है।
दिल्ली एयरपोर्ट पर गिरफ्तारी
पंजाब पुलिस ने कर्मवीर के खिलाफ पहले से LOC जारी किया हुआ था। ऐसे में, जैसे ही वह कनाडा से डिपोर्ट होकर दिल्ली पहुंचे, पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। अब उनसे पूछताछ के दौरान अनमोल बिश्नोई को भारत से बाहर भेजने में मदद, अमेरिका में गैंग के सदस्यों को ठहराने और एपी ढिल्लों के घर फायरिंग से जुड़े पहलुओं की जांच की जा सकती है।
