मिडिल ईस्ट में तनाव: UAE ने ईरानी ड्रोन को रोका, इजराइल के हवाई हमले जारी
मिडिल ईस्ट में बढ़ता तनाव
नई दिल्ली: सोमवार को मिडिल ईस्ट में तनाव फिर से उभर आया है। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने जानकारी दी है कि उसने अपने समुद्री क्षेत्र में घुसे एक ईरानी ड्रोन को इंटरसेप्ट कर लिया है। यह घटना उस समय हुई जब अमेरिका और ईरान के बीच वीकेंड पर गोलीबारी हुई, जो एक महीने में पहली बार हुई बड़ी सैन्य कार्रवाई थी।
होर्मुज जलडमरूमध्य में घटनाक्रम
UAE के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि ईरान ने सोमवार को एक ड्रोन लॉन्च किया था, जिसे समुद्री सीमा में ही रोक लिया गया। UAE ने इसे ईरान की ओर से तनाव बढ़ाने वाला एक खतरनाक कदम करार दिया।
रविवार को अमेरिका ने ईरान के एक द्वीप पर रॉकेट लॉन्चरों पर हमला किया था। अमेरिका का आरोप है कि ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य में बारूदी सुरंगें बिछाने की योजना बना रहा था। इसके जवाब में, ईरान ने जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइलें दागीं, जिन्हें रोक दिया गया।
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने कहा कि उनका देश युद्ध नहीं चाहता, लेकिन हमलावरों को कड़ा जवाब दिया जाएगा। अमेरिका ने इस दौरान तेहरान पर आर्थिक दबाव बढ़ाने का प्रयास किया है ताकि होर्मुज जलडमरूमध्य को शिपिंग के लिए सुरक्षित रखा जा सके।
गाजा में इजराइली हवाई हमले
दूसरी ओर, गाजा सिटी में इजराइली हवाई हमलों में कम से कम पांच फिलिस्तीनी नागरिकों की मौत हो गई। शिफा अस्पताल के अनुसार, एक हमला एक रिहायशी इमारत के गेट पर हुआ, जिसमें दो लोगों की जान गई और दो गंभीर रूप से घायल हुए।
एक अन्य हमले में, तल अल-हवा क्षेत्र में एक गाड़ी को निशाना बनाया गया, जिसमें तीन लोग मारे गए। इजराइली सेना ने कहा कि उसने गाड़ी में मौजूद संदिग्ध उग्रवादियों को लक्ष्य बनाया, लेकिन कोई ठोस सबूत नहीं पेश किया। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, अक्टूबर में इजराइल-हमास सीजफायर के बाद से गाजा में इजराइली हमलों में कम से कम 1320 लोग मारे जा चुके हैं।
SCO शिखर सम्मेलन और रक्षा सौदों की चर्चा
इस बीच, किर्गिस्तान में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी SCO शिखर सम्मेलन में शामिल हुए। यह संगठन अमेरिका के वैश्विक प्रभाव के मुकाबले के रूप में देखा जाता है।
पेज़ेशकियन की मंगलवार को पुतिन से एक अलग बैठक होने वाली है। अमेरिका में ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट G20 वित्त मंत्रियों की बैठक कर रहे हैं, जिसका उद्देश्य ईरान को आर्थिक रूप से अलग-थलग करना है।
इजराइल ने ग्रीस के साथ 3 अरब यूरो यानी 3.5 अरब डॉलर का अब तक का सबसे बड़ा हथियार सौदा किया है। इस सौदे के तहत ग्रीस के लिए एक बहुपरतीय एयर डिफेंस सिस्टम विकसित किया जाएगा।
पिछले साल इजराइल का रक्षा निर्यात 19 अरब डॉलर से अधिक रहा, जो 2024 में 30 प्रतिशत बढ़ने की उम्मीद है। इराक ने 30 सितंबर के बाद भी अमेरिकी गठबंधन की सेना को बनाए रखने का प्रस्ताव ठुकरा दिया है। USS अब्राहम लिंकन लंबे समय तक मिडिल ईस्ट में रहने के बाद अब थाईलैंड के करीब पहुंच चुका है।
