यमन के हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब में अरामको पर हमलों की जिम्मेदारी ली
हूती विद्रोहियों का सऊदी अरब पर हमला
यमन के हूती विद्रोहियों ने रविवार को सऊदी अरब के रियाद और खुराइस क्षेत्रों में अरामको की सुविधाओं पर हमलों की जिम्मेदारी स्वीकार की है। इस समय हूती और सऊदी समर्थित बलों के बीच संघर्ष में वृद्धि देखी जा रही है। हूती प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल याह्या सरी ने टेलीग्राम पर एक बयान में कहा कि ये हमले यमन के खिलाफ सऊदी अरब की निरंतर आक्रामकता का जवाब हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सऊदी दुश्मन हमारे लोगों के खिलाफ और अधिक आक्रामकता दिखा रहा है। पिछले 12 घंटों में, राजधानी सना और अल-जौफ़, ताइज़, अमरान, हज्जा और सादा प्रांतों में 50 हवाई और मिसाइल हमले किए गए हैं। इसके साथ ही, तनाव बढ़ने के बाद से सऊदी हमलों की कुल संख्या 1,460 तक पहुँच गई है।
सरी ने बताया कि विद्रोही समूह ने बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन का उपयोग करते हुए दो सैन्य अभियानों को अंजाम दिया, जिसमें अरामको की सुविधाओं को निशाना बनाया गया। उन्होंने कहा कि पहले ड्रोन ने रियाद में अरामको को और दूसरे ने खुराइस में अरामको को लक्ष्य बनाया।
सरी ने यह भी दावा किया कि दोनों ऑपरेशन सफल रहे और हमलों के कारण लक्षित स्थलों पर आग लग गई। उन्होंने कहा कि सर्वशक्तिमान ईश्वर की कृपा से ये हमले सटीक थे। हूती प्रवक्ता ने यह स्पष्ट किया कि जब तक यमन के खिलाफ आक्रामकता समाप्त नहीं होती और घेराबंदी नहीं हटाई जाती, तब तक उनका समूह सऊदी सैन्य और तेल ठिकानों को निशाना बनाता रहेगा। उन्होंने कहा कि समूह 'सऊदी दुश्मन के खिलाफ और अधिक दर्दनाक ऑपरेशन' करने से नहीं चूकेगा, जिसमें उनके सैनिकों के जमावड़े को निशाना बनाना शामिल है।
ये बयान ऐसे समय में आए हैं जब यमन में लड़ाई तेज हो रही है। हूती कई यमनी प्रांतों में सऊदी हवाई और मिसाइल हमलों की जानकारी दे रहे हैं और इसके जवाब में सऊदी ठिकानों पर हमले करने की घोषणा कर रहे हैं।
